बच्चों के लिए चीनी के 6 स्वस्थ विकल्प - Six Healthy Sugar Substitutes for Kids

बच्चों के लिए चीनी के 6 स्वस्थ विकल्प



बच्चों को मीठा बहुत पसंद होता है और हम भी अक्सर बच्चों को खुश करने के लिए, उन्हें उनकी मनपसंद मिठाई और अन्य चीज़ें  देते रहते हैं। साथ ही इसका प्रयोग  आनापेक्षित खाद्य पदार्थों जैसे- पीनट बटर, कैचप , सॉस आदि में किया जाता है। लेकिन बहुत अधिक मात्रा में चीनी का सेवन करने से आपके बच्चे की प्रतिरक्षा प्रणाली कमज़ोर पड़ जाती है और बच्चे आसानी से किसी बीमारी का शिकार हो सकते हैं।
 चीनी से खून में शर्करा की मात्रा बढ़ती है, जिससे कि ह्रदय से संबंधित स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं। साथ ही यह बच्चों के व्यवहार ध्यान और सीखने की क्षमता पर भी असर डालती है।

 यदि आप बच्चों के या अपने लिए खाने में चीनी का प्रयोग नहीं करना चाहती हैं तो ऐसे में आपको चीनी के विकल्पों के बारे में जानना आवश्यक है। बाज़ार में कई प्रकार के नेचुरल स्वीटनर्स उपलब्ध हैं, जिससे आप खाने में चीनी जैसी मिठास ला सकती हैं ।लेकिन इनमें होने वाली मिठास से भी रक्त में शर्करा की मात्रा प्रभावित होती है और इससे बच्चों को कोई पोषण भी नहीं मिलता है।

 आप बच्चे के आहार में चीनी की मात्रा को कम करने के लिए ,उन्हें टॉफी, चॉकलेट, बिस्किट, कुकीज, स्वीट ड्रिंक्स आदि बाहर की मिठाई न दें और उसके स्थान पर घर में ही प्राकृतिक परिष्कृत(natural unrefined) या कच्ची जैविक शर्करा(raw organic sugar) का प्रयोग करके बच्चों के लिए अच्छे-अच्छे पकवान बना सकती हैं । इसके साथ ही आपको बच्चों के लिए पैक्ड फूड, जूस, टूथपेस्ट आदि सामान लेते समय उस पर लिखी सामग्री पर ज़रूर ध्यान दें ,क्योंकि इसमें artificial sweeteners मिले होते हैं।

 बच्चों के लिए खाना बनाते समय आपको चीनी के कौन-कौन से स्वस्थ विकल्पों का चुनाव करना है ।आपको उसका ध्यान रखना पड़ेगा। विकल्पों का चुनाव glycemic index को ध्यान में रखकर कीजिए क्योंकि यह खून में ग्लूकोस की मात्रा को तेज़ी से बढ़ाता है। अधिक glycemic index वाले खाद्य पदार्थ या चीनी, ग्लूकोज और इंसुलिन की मात्रा को तेज़ी से बढ़ाता है। जिससे कि रक्त शर्करा असंतुलन, सूजन या मोटापा आदि हो सकता है। इसलिए glycemic index जितना कम होगा उतना ही अच्छा रहेगा।
 इसके साथ ही आपको फ़्रुक्टोस (fructose) की मात्रा पर भी ध्यान देने की आवश्यकता होती है। Fructose फलों व सब्जियों में पाया जाने वाली प्राकृतिक शर्करा है जो कि पाचन के दौरान सीधे रक्त द्वारा अवशोषित कर ली जाती है। यह भोजन में उपस्थित फाइबर, विटामिन, खनिज और एंजाइम के साथ हमारे शरीर में पहुंचती है। पोषक तत्वों के बिना इसका अत्याधिक सेवन हानिकारक हो सकता है ।जिससे मोटापा व अन्य बीमारियां हो सकती है। इसका प्रयोग मिठास के लिए होता है और साथ ही यह सस्ता भी पड़ता है। प्रोसेस्ड फूड व ड्रिंक्स में fructose  बहुत अधिक मात्रा में पाया जाता है।

आइए जानते हैं बच्चों के लिए चीनी के कुछ विकल्प जो उनके स्वास्थ्य के लिए अच्छे हैं और जिन्हें आपको  बच्चों के आहार में शामिल करना चाहिए-

1- Coconut sugar:-
     (नारियल चीनी)

नारियल चीनी नारियल के ताड़ के फूल की कली के तने से बनाई जाती है। यह विटामिन और खनिज से भरपूर होती है। इसका स्वाद कैरेमल की तरह होता है और इसमें साधारण चीनी जैसी ही मिठास होती है। इसका प्रयोग आप खाने या बेकिंग में कर सकती हैं।

2- Honey :-
     (शहद)

शहद हमें मधुमक्खियों से प्राप्त होता है ,शहद का प्रयोग प्राचीन काल से प्राकृतिक मिठास के रूप में होता आ रहा है। शहद का प्रयोग में एंटीसेप्टिक, एंटीबैक्टीरियल, anti-inflammatory गुण पाए जाते हैं और इसका प्रयोग आराम देने वाली प्राकृतिक दवा के रूप में भी प्रयोग होता है। यह चीनी जितना मीठा नहीं होता है ,परंतु इसमें सफेद चीनी जितनी ही कैलोरी पाई जाती है। शहद का प्रयोग आप साधारण खाना, बेकिंग, चाय, कॉफी या दवा के रूप में अदरक के साथ खांसी कम करने के लिए भी कर सकती हैं।

3- Date sugar :-
    (खजूर की चीनी) 

यह खजूर को सुखाकर व पीस कर बनाई जाती है। यह दिखने में भूरी दानेदार चीनी की तरह होती है।इसमें शरीर की आवश्यकता अनुसार पोटेशियम, विटामिन बी, फाइबर, आयरन आदि पाया जाता है। इसका प्रयोग ब्राउन शुगर के विकल्प के रूप में मीट बनाने, muffins, oatmeal और baking में किया जा सकता है।

4- Monk fruit extract :-

Monk fruit extract मिठास के लिए प्रयोग किया जाने वाला एक बहुत ही अच्छा विकल्प है और साथ ही यह स्वास्थ्य के लिए भी बहुत अच्छा होता है क्योंकि इसमें कार्बोहाइड्रेट, कैलोरी, सोडियम और वसा बिल्कुल भी नहीं होती है। इससे रक्त में शर्करा की मात्रा बिल्कुल भी नहीं बढ़ती है और यह वज़न कम करने में भी मदद करता है। इससे jelly,jams, fruit spread, salad dressing और खाने का स्वाद बढ़ाने के लिए भी किया जाता है।
ये अन्य sweetners की अपेक्षा थोड़ा महंगा होता है और आसानी से नहीं मिलता है।

5- Stevia :-

Stevia को मीठे पत्ते या चीनी के पत्ते सहित विभिन्न नामों से जाना जाता है। स्टीविया को कृत्रिम स्वीटनर होने की वजह से काफी प्रसिद्धि मिली है जो चीनी की तुलना में 40 गुना अधिक मीठा होता है और इसकी मिठास ज्यादा देर तक रहती है। इसमें कई एंटीऑक्सीडेंट यौगिक, फाइबर, आयरन, पोटेशियम, मैग्नीशियम, सोडियम, विटामिन ए और विटामिन सी पाया जाता है। इसमें रक्त शर्करा के स्तर को नियंत्रित करने की क्षमता होती है। यह मधुमेह को नियंत्रित करने में वजन कम करने में रक्तचाप नियंत्रित करने में सहायक है व यह त्वचा व हड्डियों के लिए भी फायदेमंद है।

6- Jaggery :-
      (गुड़)

गुड़ गन्ने से बनाया जाता है और भारत में पारंपरिक रूप से मिठास के लिए प्रयोग किया जाता रहा है। यह चीनी का बहुत ही अच्छा व स्वस्थ विकल्प है। गुड़ में कोई भी रसायनिक तत्व नहीं होते हैं। इसमें सिर्फ प्राकृतिक खनिज पाए जाते हैं।गुड़ पाचन में, खून बढ़ाने में, रक्तचाप नियंत्रित करने में सहायक होता है। इससे अस्थमा, खांसी,ज़ुखाम में भी फायदा होता है।

     चीनी के विकल्प के रूप में फलों का रस भी बहुत अच्छा विकल्प है। आप केला, स्ट्रौबरी आदि बच्चों के खाने में मिठास के लिए प्रयोग कर सकती हैं ।चीनी आपके व आपके बच्चे के स्वास्थ्य के लिए बहुत ही हानिकारक है । इसलिए आप को चीनी के स्थान पर मिठास के लिए बेहतर व स्वस्थ विकल्प का प्रयोग करना चाहिए।

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